Summary
भारतीय राज्य असम में इस साल 2,600 से अधिक गांव बाढ़ से प्रभावित हुए हैं, जिससे 100 से अधिक लोगों की मौत हुई और हजारों बेघर हो गए. यह जलवायु आपदा अनियंत्रित वनों की कटाई और खनन से और भी बदतर हो गई है, जैसा कि जुलाई में गौरीसागर की एक निवासी गीताली फुकन के अनुभव से पता चलता है जब मिटोंग नदी में बाढ़ आ गई थी.