Summary
एक जांच समिति ने हाईकोर्ट के पूर्व जस्टिस यशवंत वर्मा पर लगे कैश कांड के तीनों आरोपों को सही पाया है। समिति की रिपोर्ट के अनुसार, जस्टिस वर्मा के सरकारी आवास से बड़ी मात्रा में नकदी मिली थी, जिसके स्रोत और मालिकाना हक के बारे में वे संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए, और सबूतों से छेड़छाड़ भी हुई। जस्टिस वर्मा ने इस साल अप्रैल में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था।