Summary
मॉनसून सत्र के दौरान संसद परिसर में विपक्षी सांसदों के विरोध प्रदर्शन चर्चा का विषय बन गए हैं, जिसमें पप्पू यादव का पुजारी बनना और राहुल गांधी का दान पेटी में चंदा डालना जैसे सांकेतिक नाटक शामिल हैं। यह लेख भारतीय राजनीति में 'परफॉर्मेंस पॉलिटिक्स' के बढ़ते चलन पर सवाल उठाता है।